कथा में भगवान श्रीराम के बाल्यकाल का प्रसंग सुनाया गया दैनिक सरोकार ! संवाददाता / इटावा : भरथना , रमायन गांव में स्थित महामंशाप...
कथा में भगवान श्रीराम के बाल्यकाल का प्रसंग सुनाया गया
दैनिक सरोकार ! संवाददाता / इटावा : भरथना , रमायन गांव में स्थित महामंशापूर्ण ओम श्रीगंगाधर विश्वनाथ मंदिर में रुद्र यज्ञ में श्रद्धालुओं ने पावन आहूतियां अर्पण कर सर्वकल्याण की कामना की गई,साथ ही प्रभु श्रीराम कथा में भगवान श्रीराम के बाल्यकाल का प्रसंग सुनाया गया।
मंदिर परिसर में पांचवे दिन मंगलवार को कथा वाचक आचार्य दीपक ने प्रभु श्रीराम की लीलाओं का प्रसंग सुनाते हुए कहा कि भगवान श्रीराम के बाल्यकाल की लीलाओं के दर्शन करने के लिए देवता भी तरसते थे। भगवान शिव खुद ही वीर हनुमान के साथ वेश बदलकर भगवान राम की बाल लीलाओं के दर्शन करते आए थे। श्री राम कथा का श्रवण कर उनका अनुसरण करने से मोक्ष की प्राप्ति होती है। हमें भगवान श्री राम द्वारा स्थापित किए गए आदेशों पर चलने का प्रयास करना चाहिए । कथा का विस्तार देते हुए कथावाचक ने कहा जब जीवन में निराशा छा जाए तो व्यक्ति को संत की शरण में जाना चाहिए ।
कथा व्यास ने आगे कहा कि यह मानवीय स्वभाव है कि लोग सहजता से प्राप्त वस्त्र की ज्यादा कद्र नहीं करते हैं प्रेम के वशीभूत होकर ही प्रभु निर्गुण से सतगुरु सगुण रूप में दर्शन देते हैं।उन्होंने जीवन में यज्ञ की भांति बताते हुए कहा कि इसमें मनुष्य अपने कर्मों की पूर्णाहुति कर देता है।
इससे पहले यज्ञाचार्य पं0 रामसेवक आचार्य की अगुवाही में वैदिक मंत्रोच्चार के साथ रुद्र यज्ञ में मौजूद श्रद्धालुओं ने पावन आहुतियों का अर्पण कर सर्वकल्याण की कामना की गई।
इस दौरान यज्ञपति अरविंद पोरवाल, राधा पोरवाल, परीक्षित गौरव मिश्रा,संजना मिश्रा आदि कई श्रद्धालुगण मौजूद रहे।
कोई टिप्पणी नहीं