नोएडा वासियों के लिए एक राहत भरी खबर सामने आई है। शहर को बार-बार होने वाली बिजली कटौती से निजात दिलाने के लिए करीब 20 सेक्टरों और सोसाइटियों...
नोएडा वासियों के लिए एक राहत भरी खबर सामने आई है। शहर को बार-बार होने वाली बिजली कटौती से निजात दिलाने के लिए करीब 20 सेक्टरों और सोसाइटियों में स्वचालित रिंग मैन यूनिट (आरएमयू) लगाने का काम सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया है। इसके बाद अब शहर के बाकी बचे अन्य सेक्टरों और सोसाइटियों में भी तेजी से आरएमयू लगाने का कार्य किया जा रहा है, जिससे भविष्य में उपभोक्ताओं को पूरी तरह निर्बाध बिजली आपूर्ति मिल सकेगी।
🔌 2. सेक्टर-20 में सफल ट्रायल के बाद अन्य उपकेंद्रों पर हो रहा काम
जिले के बिजली उपकेंद्रों के फीडरों पर आरएमयू लगाने की इस योजना की शुरुआत बीते महीनों पायलट प्रोजेक्ट के तहत नोएडा के सेक्टर-20 बिजली उपकेंद्र से की गई थी। इसकी सबसे बड़ी खूबी यह है कि यदि किसी एक फीडर लाइन में तकनीकी खराबी आती है, तो दूसरी फीडर लाइन से तुरंत और स्वचालित तरीके से बिजली आपूर्ति शुरू हो जाती है, जिसे मैन्युअली चलाने की कोई आवश्यकता नहीं पड़ती। यहां ट्रायल सफल होने के बाद अब मार्च 2027 तक पूरे शहर में इसे लागू करने का लक्ष्य रखा गया है।
🏘️ 3. 20 प्रमुख इलाकों और सोसाइटियों में कार्य पूरा, 40 हजार उपभोक्ताओं को फायदा
विद्युत निगम के अधिकारियों के अनुसार, सेक्टर-22, 23, 33, चौड़ा, सेक्टर-38, 39, 40, एनएसईजेड, सेक्टर-99, 100, 82, 93 और सेक्टर-93बी समेत कुल 20 आवासीय सेक्टरों, गांवों और औद्योगिक क्षेत्रों में आरएमयू स्थापित करने का कार्य पूरा हो चुका है। इससे इन क्षेत्रों से जुड़े 40 हजार से अधिक बिजली उपभोक्ताओं को अब बिना किसी बाधा के सुचारू बिजली मिलने लगेगी।
💰 4. 230 करोड़ रुपये का फंड जारी, अधीक्षण अभियंता विवेक कुमार पटेल ने दी जानकारी
इस पूरी महत्वकांक्षी परियोजना के लिए विद्युत निगम द्वारा करीब 230 करोड़ रुपये का फंड जारी किया गया है। इस राशि से पूरे जिले में कुल 1700 स्वचालित आरएमयू लगाए जाने हैं, जिनमें से 140 आरएमयू लगाने का काम पूरा हो चुका है। विद्युत निगम के तकनीकी अधीक्षण अभियंता विवेक कुमार पटेल ने बताया कि उपभोक्ताओं को आधुनिक तकनीक के माध्यम से निर्बाध बिजली देने की इस योजना पर तेजी से काम जारी है और तय समयसीमा के भीतर सभी सेक्टरों को कवर कर लिया जाएगा।

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