Page Nav

HIDE

Breaking News:

latest

Avadh Ojha on PM Modi Slang Remark: 'विरोध करो, लेकिन पीएम को गाली मत दो', जंतर-मंतर आंदोलन पर अवध ओझा का बड़ा बयान

नई दिल्ली: आम आदमी पार्टी (AAP) के पूर्व नेता और मशहूर कोचिंग गुरु अवध ओझा ने जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) की अगुआई में हुए हालिय...


नई दिल्ली: आम आदमी पार्टी (AAP) के पूर्व नेता और मशहूर कोचिंग गुरु अवध ओझा ने जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) की अगुआई में हुए हालिया आंदोलन को लेकर बड़ा बयान दिया है।

अवध ओझा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान अपशब्दों का इस्तेमाल किए जाने पर सख्त नाराजगी जताई और खुलासा किया कि वह इसी वजह से इस आंदोलन का हिस्सा बनने नहीं गए थे। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में सरकार की नीतियों का विरोध करना बिल्कुल भी गलत नहीं है, लेकिन देश के प्रधानमंत्री या किसी भी व्यक्ति के लिए अश्लील और अमर्यादित भाषा का प्रयोग कतई स्वीकार्य नहीं है।

🏫 क्लास के दौरान छात्रों को दी नसीहत: 'प्रधानमंत्री तो दूर, किसी भी नागरिक को गाली देना गलत'

अवध ओझा ने अपनी एक ऑफलाइन क्लास के दौरान छात्रों को फालतू की बयानबाजी और असंसदीय भाषा से बचने के कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए:

  • विरोध की सीमा: उन्होंने कहा, "जंतर-मंतर पर जिस तरह से बच्चों ने गाली-गलौज की... विरोध करना कोई बुराई नहीं है, लेकिन आप देश के प्रधानमंत्री को गाली नहीं दे सकते। आप किसी साधारण व्यक्ति को भी गाली नहीं दे सकते, तो प्रधानमंत्री तो बहुत बड़ी बात हैं।"

  • संवैधानिक मर्यादा: उन्होंने मुस्कुराते हुए आगे कहा, "अगर आप सरकार की किसी नीति या निर्णय से नाराज हैं तो खुलकर विरोध करिए, लेकिन अपशब्दों का सहारा लेना गलत मानसिकता को दिखाता है।"

🤝 'असहमतियां अपनी जगह हैं, पर व्यक्तिगत रूप से तारीफ भी करता हूं': अवध ओझा

अपने बेबाक अंदाज के लिए जाने जाने वाले अवध ओझा ने स्पष्ट किया कि राजनीतिक मतभेदों के बावजूद वे पद और व्यक्ति का सम्मान करते हैं:

"मैं प्रधानमंत्री मोदी जी के कई फैसलों से सहमत नहीं रहता, लेकिन व्यक्तिगत तौर पर मैं उनकी बहुत तारीफ भी करता हूं। मैं किसी को खुश करने के लिए नहीं बोल रहा कि आप बहुत अच्छे प्रधानमंत्री हैं और मुझे राज्यसभा भेज दीजिए। यह सब मुझसे नहीं हो पाएगा। हम जब भी सार्वजनिक जीवन में आगे बढ़ेंगे, अपनी काबिलियत के दम पर ही जाएंगे।"

🛑 'गाली-गलौज न होती तो मैं खुद जंतर-मंतर जाता': पूर्व आप नेता का छलका दर्द

भाजपा के खिलाफ पिछले दिल्ली विधानसभा चुनाव में पटपड़गंज सीट से चुनाव लड़ चुके अवध ओझा ने कहा:

  • विचारधारा से असहमति: "मेरी उनसे (भाजपा/पीएम) वैचारिक असहमति हो सकती है, लेकिन चूंकि वह देश के प्रधानमंत्री हैं, इसलिए मैं उनका पूरा सम्मान करूंगा। जब भी सरकार के खिलाफ विरोध दर्ज कराना होगा, मैं बिल्कुल पीछे नहीं हटूंगा।"

  • आंदोलन से दूरी का कारण: उन्होंने कहा कि यदि जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान गाली-गलौज और अमर्यादित नारेबाजी नहीं की जाती, तो वह खुद छात्रों का समर्थन करने जंतर-मंतर पहुंचते।

उल्लेखनीय है कि जंतर-मंतर पर CJP के प्रदर्शन के दौरान कुछ युवाओं द्वारा पीएम मोदी के खिलाफ अमर्यादित पोस्टरों और भाषा का प्रयोग किया गया था, जिसकी चौतरफा आलोचना हुई थी।







 

कोई टिप्पणी नहीं