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Gaurs Alaris Yamuna Expressway: गौड़ ग्रुप ने लॉन्च किया 'गौड़ अलारिस' प्रोजेक्ट, यमुना एक्सप्रेसवे पर मिलेंगे 1088 प्रीमियम फ्लैट्स

नई दिल्ली: अगर आप दिल्ली-एनसीआर में अपने सपनों का घर खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो आपके लिए एक बेहतरीन और बड़ी खबर है। प्रसिद्ध रियल एस्ट...


नई दिल्ली: अगर आप दिल्ली-एनसीआर में अपने सपनों का घर खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो आपके लिए एक बेहतरीन और बड़ी खबर है। प्रसिद्ध रियल एस्टेट कंपनी गौड़ ग्रुप (Gaurs Group) ने यमुना एक्सप्रेसवे पर अपनी नई प्रीमियम आवासीय परियोजना ‘गौड़ अलारिस (Gaurs Alaris)’ को आधिकारिक रूप से लॉन्च कर दिया है।

कंपनी को इस भव्य प्रोजेक्ट से करीब 1,900 करोड़ रुपये का राजस्व (Revenue) मिलने की उम्मीद है। आइए जानते हैं इस नई और आधुनिक आवासीय परियोजना से जुड़ी 5 सबसे जरूरी और महत्वपूर्ण बातें:

📍 1. कहाँ लॉन्च हुआ है प्रोजेक्ट? (लोकेशन की खासियत)

गौड़ ग्रुप ने इस नई आवासीय परियोजना को यमुना एक्सप्रेसवे के सेक्टर-22डी में शुरू किया है। यह पूरा प्रोजेक्ट 11.8 एकड़ के विशाल क्षेत्र में विकसित किया जाएगा।

यमुना एक्सप्रेसवे नोएडा और ग्रेटर नोएडा को सीधे आगरा से जोड़ता है और वर्तमान समय में तेजी से विकसित हो रहे प्रमुख रियल एस्टेट कॉरिडोर में शामिल है।

🏠 2. कितने फ्लैट बनाए जाएंगे? (प्रोजेक्ट क्षमता)

कंपनी द्वारा साझा की गई जानकारी के अनुसार, 'गौड़ अलारिस' परियोजना के तहत कुल 1,088 अपार्टमेंट्स का निर्माण किया जाएगा।

यह एक हाई-एंड प्रीमियम हाउसिंग प्रोजेक्ट होगा, जिसे आधुनिक विश्वस्तरीय सुविधाओं, ग्रीन बेल्ट और बेहतर आर्किटेक्चरल प्लानिंग के साथ तैयार किया जाएगा।

💰 3. कितनी है परियोजना की अनुमानित वैल्यू?

गौड़ ग्रुप का अनुमान है कि इस परियोजना से कंपनी को लगभग 1,900 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त होगा।

कंपनी के प्रबंधन का कहना है कि दिल्ली-एनसीआर के प्रमुख और कनेक्टिविटी वाले इलाकों में प्रीमियम आवासीय संपत्तियों की मांग लगातार मजबूत बनी हुई है।

✈️ 4. क्यों बढ़ रही है यमुना एक्सप्रेसवे की अहमियत?

गौड़ ग्रुप के निदेशक सार्थक गौड़ के मुताबिक, यमुना एक्सप्रेसवे क्षेत्र में शानदार सड़क संपर्क (Connectivity), तेजी से विकसित हो रहा वर्ल्ड-क्लास इंफ्रास्ट्रक्चर और नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर एयरपोर्ट) जैसे विशाल प्रोजेक्ट्स की वजह से इस इलाके में आवासीय और व्यावसायिक संपत्तियों की मांग लगातार बढ़ रही है। यही वजह है कि कई बड़ी रियल एस्टेट कंपनियां इस क्षेत्र में भारी निवेश कर रही हैं।

🏗️ 5. गौड़ ग्रुप का ट्रैक रिकॉर्ड और चेयरमैन का बयान

करीब तीन दशक (30 साल) पुराने गौड़ ग्रुप का दिल्ली-एनसीआर में आवासीय, वाणिज्यिक, रिटेल, शिक्षा और हॉस्पिटैलिटी क्षेत्रों में मजबूत कारोबार है। कंपनी अब तक 10 करोड़ वर्ग फुट से अधिक रियल एस्टेट स्पेस का विकास कर चुकी है। इसके अलावा 75 से अधिक परियोजनाओं के तहत 75,000 से ज्यादा आवासीय इकाइयां विकसित की जा चुकी हैं, जिनमें तीन विशाल इंटीग्रेटेड टाउनशिप भी शामिल हैं।

गौड़ ग्रुप के चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक मनोज गौड़ ने कहा:

"प्रीमियम हाउसिंग सेगमेंट में बेहतरीन डिजाइन, विश्वस्तरीय प्लानिंग और लंबे समय तक वैल्यू देने वाली रियल एस्टेट परियोजनाओं की मांग हमेशा बनी रहती है। इसी बढ़ती मांग को ध्यान में रखते हुए हमने 'गौड़ अलारिस' प्रोजेक्ट को बाजार में उतारा है।"







 

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